सेक्टर 36 में शराब की दुकान पर बवाल, RWA ने प्रशासन को दिया ज्ञापन
महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता, कार्रवाई की मांग तेज
ग्रेटर नोएडा के सेक्टर 36 में स्थित एक शराब की दुकान को लेकर स्थानीय निवासियों का विरोध लगातार तेज होता जा रहा है। सेक्टर के लोगों ने इस मुद्दे को गंभीर बताते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से हस्तक्षेप की मांग की है। इस संबंध में Residence Welfare Association (RWA) ने जिला प्रशासन को ज्ञापन भी सौंपा है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
सेक्टर 36 के निवासियों का कहना है कि यह इलाका पूरी तरह से रिहायशी है, जहां इस तरह की दुकान का संचालन नियमों के खिलाफ है। इसी कारण लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
ग्रेटर नोएडा सेक्टर 36 शराब ठेका विवाद: क्या है पूरा मामला
RWA द्वारा दिए गए ज्ञापन के अनुसार, हाल ही में सेक्टर 36 के शॉपिंग कॉम्प्लेक्स में शराब की दुकान खोली गई है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि यह दुकान उत्तर प्रदेश आबकारी विभाग की गाइडलाइंस का उल्लंघन कर रही है।
नियमों के अनुसार, शराब की दुकानें रिहायशी क्षेत्रों, स्कूलों और धार्मिक स्थलों से उचित दूरी पर होनी चाहिए। लेकिन यहां यह दुकान सीधे रिहायशी इलाके के बीच में संचालित हो रही है।
निवासियों का कहना है कि इससे उनके शांतिपूर्ण जीवन और मौलिक अधिकारों पर असर पड़ रहा है।
ग्रेटर नोएडा सेक्टर 36 शराब ठेका हटाने की मांग तेज
RWA ने प्रशासन से मांग की है कि:
इस स्थान का भौतिक निरीक्षण कराया जाए
जनहित को ध्यान में रखते हुए दुकान का लाइसेंस रद्द किया जाए
या फिर इसे किसी व्यावसायिक क्षेत्र में शिफ्ट किया जाए
ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो सेक्टर के निवासी शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन करने के लिए मजबूर होंगे।
सोशल मीडिया पर भी उठी आवाज
इस पूरे मामले को लेकर सोशल मीडिया पर भी आवाज उठाई जा रही है। एक ट्वीट में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और CM ऑफिस को टैग करते हुए सेक्टर 36 से शराब ठेका हटाने की मांग की गई है।
https://x.com/i/status/2037928552784593200
इस ट्वीट में स्पष्ट रूप से लिखा गया है कि DM को पहले ही ज्ञापन दिया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं हुआ है।
प्रशासन की प्रतिक्रिया का इंतजार
फिलहाल इस मामले में जिला प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। हालांकि, बढ़ते विरोध को देखते हुए जल्द ही कोई कार्रवाई होने की उम्मीद जताई जा रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर उनकी समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो वे बड़े स्तर पर आंदोलन करने के लिए तैयार हैं।
आगे क्या होगा?
अब सभी की नजर प्रशासन के अगले कदम पर टिकी है। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि क्या प्रशासन निवासियों की मांगों को गंभीरता से लेते हुए इस शराब की दुकान को हटाने या स्थानांतरित करने का फैसला करता है या नहीं।


